1 नवंबर से बदलेंगे LPG, GST और मोबाइल कॉलिंग से जुड़े नियम, जानें आपकी जेब पर क्या होगा असर
पहला बदलाव: LPG सिलेंडर और हवाई ईंधन की कीमतों पर नजर
हर महीने की पहली तारीख को तेल विपणन कंपनियां एलपीजी सिलेंडर की कीमतों की समीक्षा करती हैं। ऐसे में 1 नवंबर को भी घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में बदलाव होने की संभावना पर नजर रहेगी।
इससे पहले 1 अक्टूबर 2026 को 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 62.50 रुपये तक की बढ़ोतरी की गई थी। हालांकि, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमत में उस समय बदलाव नहीं हुआ था। नवंबर की शुरुआत में एलपीजी के साथ विमानन ईंधन यानी एटीएफ की कीमतों की भी समीक्षा हो सकती है। हालांकि, नई दरें घोषित होने के बाद ही कीमतों में बदलाव की स्थिति स्पष्ट होगी।
दूसरा बदलाव: GST प्रक्रिया आसान होने से कारोबारियों को राहत की उम्मीद
जीएसटी से जुड़े नियमों में बदलाव का असर कारोबारियों और छोटे व्यापारियों पर पड़ सकता है। रिपोर्ट के मुताबिक, सरकार टैक्स रिफंड की प्रक्रिया में होने वाली देरी कम करने और दस्तावेजी कामकाज का बोझ घटाने की दिशा में कदम उठा रही है।
प्रस्तावित बदलावों में कुछ मामलों में रिफंड के स्वतः मंजूर होने की व्यवस्था शामिल है। इसके अलावा, सालाना पांच करोड़ रुपये से कम कारोबार करने वाले ऐसे व्यापारियों के लिए नई रिटर्न व्यवस्था की तैयारी बताई गई है, जो सीधे ग्राहकों को सामान या सेवाएं उपलब्ध कराते हैं। इन बदलावों का उद्देश्य जीएसटी अनुपालन की प्रक्रिया को सरल बनाना है। इनके लागू होने की अंतिम स्थिति संबंधित आधिकारिक अधिसूचनाओं से स्पष्ट होगी।
तीसरा बदलाव: तमिलनाडु में महंगी शराब के लिए डिजिटल भुगतान जरूरी
तमिलनाडु में शराब खरीदने वालों के लिए भुगतान से जुड़ा नया नियम लागू होने जा रहा है। तमिलनाडु राज्य विपणन निगम (TASMAC) के फैसले के मुताबिक, एक हजार रुपये से अधिक कीमत वाली शराब की बोतलों की खुदरा बिक्री के लिए डिजिटल भुगतान अनिवार्य किया गया है।
इसका मतलब है कि निर्धारित कीमत से महंगी शराब खरीदने वाले ग्राहकों को भुगतान डिजिटल माध्यम से करना होगा। ऐसी खरीदारी के लिए नकद भुगतान स्वीकार नहीं किए जाने की बात कही गई है। यह बदलाव तमिलनाडु में शराब की खुदरा बिक्री और भुगतान व्यवस्था से संबंधित है।
चौथा बदलाव: मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के नए लिंक पर मालवाहक वाहनों की पाबंदी
मुंबई और पुणे के बीच सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए भी अहम बदलाव की जानकारी सामने आई है। महाराष्ट्र हाईवे पुलिस के फैसले के अनुसार, मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के नए कनेक्टिंग लिंक पर 1 नवंबर से मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर स्थायी प्रतिबंध लागू किया जाना है।
इस प्रतिबंध में छोटे व्यावसायिक वाहन, पिकअप वैन और टाटा ऐस जैसे वाहन भी शामिल होंगे। हालांकि, निजी कारों और यात्री बसों को इस मार्ग पर चलने की अनुमति रहेगी। इस रास्ते से यात्रा करने वाले वाहन चालकों को सफर से पहले लागू यातायात निर्देशों की जानकारी लेनी चाहिए।
पांचवां बदलाव: मोबाइल पर कॉल करने वाले का नाम दिखाने की व्यवस्था
मोबाइल उपयोगकर्ताओं के लिए कॉलर की पहचान से जुड़ा नियम भी चर्चा में है। दूरसंचार विभाग (DoT) के निर्देशों के अनुसार, कॉलिंग नेम प्रेजेंटेशन (CNAP) व्यवस्था को 1 नवंबर 2026 से लागू करने की बात कही गई है।
इस सुविधा का उद्देश्य फोन पर आने वाली कॉल के दौरान कॉल करने वाले व्यक्ति का नाम दिखाना है। फिलहाल कई लोग अनजान नंबरों की पहचान के लिए ट्रूकॉलर जैसे ऐप का इस्तेमाल करते हैं। सीएनएपी व्यवस्था लागू होने पर कॉलर की पहचान सीधे दूरसंचार नेटवर्क के माध्यम से उपलब्ध कराने की योजना है। इसके वास्तविक क्रियान्वयन और उपलब्धता की स्थिति संबंधित विभाग तथा दूरसंचार कंपनियों के निर्देशों पर निर्भर करेगी।
