ओडिशा में भीषण सड़क हादसा: रॉन्ग साइड से आ रहे ट्रक ने तीन बाइकों को कुचला, 5 की मौत, हाईवे पर बिखरे शव, घंटों लगा जाम

ओडिशा के गंजाम जिले में शनिवार को दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हो गया। बरहमपुर शहर के हल्दियापदर चौक के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर रॉन्ग साइड से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने तीन मोटरसाइकिलों को एक के बाद एक रौंद दिया। हादसा इतना भीषण था कि पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि हाईवे पर चारों तरफ शव बिखर गए और यातायात पूरी तरह ठप हो गया।
गलत दिशा से आ रहा था ट्रक, कई लोगों को कुचलता चला गया
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, ट्रक राष्ट्रीय राजमार्ग पर गलत दिशा से आ रहा था। इसी दौरान सामने से आ रही तीन मोटरसाइकिलें उसकी चपेट में आ गईं। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रक कई पीड़ितों को रौंदते हुए आगे बढ़ गया। हादसे में पांच लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
हाईवे पर अफरा-तफरी, घंटों बाधित रहा यातायात
दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। सड़क पर शव बिखरे पड़े थे और हाईवे पर लंबा जाम लग गया। गाड़ियों की आवाजाही पूरी तरह रुक गई, जिसका असर आसपास के इलाकों तक देखने को मिला। मौके से सामने आए दृश्य बेहद भयावह थे, जिन्हें देखकर लोग सिहर उठे।
ट्रक चालक गिरफ्तार, पुलिस ने शुरू की जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत और बचाव कार्य शुरू कराया गया और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस ने हादसे के लिए जिम्मेदार ट्रक चालक को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। मामले की जांच की जा रही है ताकि दुर्घटना के सभी पहलुओं को स्पष्ट किया जा सके।
आईजी ने की हादसे की पुष्टि
साउथ रेंज के आईजी नीति शेखर ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि ट्रक लोकल मूवमेंट में थी और गलत दिशा से आने के कारण उसने कई मोटरसाइकिलों को टक्कर मार दी। इस दर्दनाक हादसे में पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने ड्राइवर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और शवों की पहचान का काम तेजी से किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने जताया शोक, मुआवजे का ऐलान
मृतकों की पहचान सूर्य नारायण पंडा, सिबाराम जेना, जगन नाहक और राकेश नाहक के रूप में हुई है। इस हादसे पर ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन माझी ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मुख्यमंत्री राहत कोष से प्रत्येक मृतक के परिजन को चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज मुहैया कराया जाए।
सड़क सुरक्षा पर बड़ा सवाल
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े करता है। गलत दिशा में वाहन चलाना और तेज रफ्तार जैसी लापरवाहियां किस तरह जानलेवा साबित हो सकती हैं, यह घटना उसका दर्दनाक उदाहरण बनकर सामने आई है।
