दो दिन की बारिश ने बदली देहरादून की हवा, AQI घटकर 4 पर पहुंचा; देश में सबसे साफ हवा वाला शहर बना
देहरादून: लगातार दो दिन हुई बारिश के बाद देहरादून की हवा बेहद साफ हो गई है। सोमवार को शहर का न्यूनतम वायु गुणवत्ता सूचकांक यानी AQI महज 4 और औसत करीब 11 दर्ज किया गया। इसके साथ देहरादून देश के शहरों में सबसे कम AQI वाला शहर रहा। बारिश का असर पीएम-10 के स्तर पर भी साफ दिखाई दिया, जो पहले 170 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर तक पहुंच गया था, लेकिन बारिश के बाद घटकर करीब 20 माइक्रोग्राम रह गया।
बारिश से पहले देहरादून में वायु प्रदूषण की स्थिति काफी खराब थी। पिछले दिनों शहर का AQI करीब 200 तक पहुंच गया था। सड़कों पर उड़ने वाली धूल, निर्माण कार्य और वाहनों से निकलने वाले प्रदूषक कणों के कारण पीएम-10 का स्तर भी बढ़ गया था। लगातार हुई बारिश ने वातावरण में मौजूद धूल और प्रदूषणकारी कणों को काफी हद तक नीचे बैठा दिया।
गंगटोक दूसरे स्थान पर, दिल्ली का AQI 53
ताजा वायु गुणवत्ता आंकड़ों में सिक्किम का गंगटोक 15 AQI के साथ दूसरे स्थान पर रहा। वहीं दिल्ली में AQI 53, आगरा में 46 और बरेली में 60 दर्ज किया गया।
अधिकांश प्रमुख शहरों में AQI करीब 50 या उससे अधिक रहा। पीसीबी के सदस्य सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते के अनुसार, प्रदूषण कम करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और इसका असर AQI के आंकड़ों में भी दिखाई दे रहा है। हालांकि, उन्होंने माना कि प्रदूषण के स्तर में आई कमी में बारिश की भी बड़ी भूमिका रही है।
बारिश ने हवा में मौजूद धूल और महीन कणों को किया कम
देहरादून विश्वविद्यालय के पर्यावरण विभाग की एचओडी डॉ. विजय श्रीधर के मुताबिक, बारिश के दौरान वातावरण में मौजूद धूल और महीन कण पानी की बूंदों के साथ नीचे आ जाते हैं। इससे हवा में तैरने वाले पीएम-10, पीएम-2.5 और दूसरे प्रदूषक कणों की मात्रा तेजी से कम हो जाती है।
बारिश के कारण वातावरण में मौजूद प्रदूषणकारी कणों के नीचे बैठने से कुछ समय के लिए हवा की गुणवत्ता में बड़ा सुधार देखने को मिलता है।
बारिश थमते ही फिर बढ़ सकता है AQI
विशेषज्ञ के मुताबिक, बारिश रुकने के बाद सड़कों पर जमा मिट्टी और धूल के सूखने, वाहनों की आवाजाही बढ़ने और निर्माण गतिविधियां जारी रहने से दोबारा धूल उड़ सकती है। ऐसे में देहरादून का AQI फिर बढ़ने की आशंका बनी रहती है।
हाल के दिनों में शहर का AQI 40 से 200 के बीच दर्ज किया गया है। इससे साफ है कि देहरादून की हवा की गुणवत्ता पर मौसम और धूल का सीधा असर पड़ रहा है।
