क्या सूजन बढ़ाती है कैंसर का खतरा? एंटी-इंफ्लेमेटरी फूड को लेकर आयुर्वेदिक डॉक्टर ने दी अहम जानकारी

anti-inflammatory-food-cancer-11-02-2026-1770794992

नई दिल्ली: शरीर में लंबे समय तक बनी रहने वाली सूजन कई गंभीर बीमारियों की जड़ मानी जाती है। विशेषज्ञों के मुताबिक, क्रॉनिक यानी दीर्घकालिक सूजन कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी के खतरे को भी बढ़ा सकती है। हालांकि कैंसर का इलाज आसान नहीं है, लेकिन संतुलित आहार और बेहतर जीवनशैली अपनाकर इसके जोखिम को कम किया जा सकता है। आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा का कहना है कि सूजन कम करने वाले खाद्य पदार्थ इम्युनिटी को मजबूत करते हैं और मेटाबॉलिज्म को संतुलित रखते हैं, जिससे कैंसर का खतरा कम करने में मदद मिल सकती है।

दीर्घकालिक सूजन से बढ़ता है कैंसर का जोखिम

डॉ. चंचल शर्मा, जो आशा आयुर्वेदा की डायरेक्टर और स्त्री रोग विशेषज्ञ हैं, बताती हैं कि शरीर में लंबे समय तक बनी रहने वाली सूजन कैंसर के खतरे को बढ़ा देती है और रिकवरी की संभावना को भी प्रभावित करती है। सूजन के कारण शरीर की मरम्मत प्रक्रिया धीमी हो जाती है, जिससे बीमारी से उबरने में समय लगता है। आयुर्वेद में माना जाता है कि सूजन कम करने वाले आहार का नियमित सेवन शरीर को संतुलित रखने में सहायक होता है। यदि शरीर में पहले से सूजन मौजूद है, तो कैंसर के हर चरण में यह स्थिति हानिकारक हो सकती है।

फ्री रेडिकल्स और डीएनए डैमेज का खतरा

विशेषज्ञों के अनुसार, शरीर में सूजन रहने पर फ्री रेडिकल्स का उत्पादन बढ़ सकता है, जो डीएनए को नुकसान पहुंचाने का कारण बनते हैं। हालिया शोध में यह सामने आया है कि जिन लोगों के शरीर में पहले से सूजन की समस्या होती है, उनकी रिकवरी अपेक्षाकृत धीमी होती है। वहीं जिनके शरीर में सूजन नहीं होती, उनका इम्यून सिस्टम कैंसर से बेहतर तरीके से लड़ने में सक्षम होता है। ऐसे में सूजन रोधी आहार को दिनचर्या में शामिल करना फायदेमंद माना जाता है।

क्या एंटी-इंफ्लेमेटरी डाइट से टल सकता है कैंसर?

डॉ. शर्मा के मुताबिक, सूजन कम करने वाला आहार स्तन कैंसर, फेफड़े के कैंसर और अंडाशय के कैंसर जैसे कई प्रकार के कैंसर के खतरे को कम करने में सहायक हो सकता है। हालांकि वह यह भी स्पष्ट करती हैं कि केवल एंटी-इंफ्लेमेटरी फूड का सेवन पर्याप्त नहीं है। इसे संतुलित पोषण, जरूरी दवाओं और स्वस्थ जीवनशैली के साथ अपनाना जरूरी है। वजन नियंत्रण भी कैंसर के जोखिम को कम करने में अहम भूमिका निभाता है। किसी भी नए आहार को शुरू करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है, क्योंकि किसी भी चीज का अत्यधिक सेवन शरीर को नुकसान पहुंचा सकता है।

ये हैं प्रमुख एंटी-इंफ्लेमेटरी फूड

सूजन कम करने वाले आहार में कच्ची हल्दी, अदरक, हरी पत्तेदार सब्जियां, बेरीज, ओमेगा-3 से भरपूर फैटी फिश, जैतून का तेल, खट्टे फल और नट्स जैसे खाद्य पदार्थ शामिल हैं। ये एंटीऑक्सीडेंट और पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं और शरीर की रोगों से लड़ने की क्षमता को मजबूत बनाने में मदद करते हैं।

 

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Samayik Sahara के Facebook पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें...

एक नज़र